नेटवर्किंग की अवधारणाएं ( Concepts of Networking ) हैं नेटवर्किंग का महत्व ( Importance of Networking)


consept ऑफ network


Concepts of Networking

ये इकाइयां किसी - न - किसी रूप से आपस में एक - दूसरे से सम्बद्ध होती हैं  जब अनेक पृथक् - पृथक् इकाइयां किसी एक उद्देश्य के लिए एक साथ मिलकर कार्य करती हैं , तो यह एक नेटवर्क बनाती इसे इस प्रकार समझते हैं , एक टूथपेस्ट बनाने वाली कम्पनी को अपने टूथपेस्ट को अपने ग्राहकों तक पहुंचाना है । इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए उत्पादक से प्रयोगकर्ता के मध्य जुड़े अनेक व्यक्ति एक नेटवर्क स्थापित करते हैं । ऐसा नहीं है , कि नेटवर्क से जुड़े व्यक्ति का इस नेटवर्क से जुड़ने में उसका अपना कोई स्वार्थ नहीं होता , परन्तु उसकी स्वार्थ सिद्धि के साथ - साथ उद्देश्य भी पूर्ण होता है 


कम्प्यूटर में प्रयोग होने वाला सबसे महत्वपूर्ण तय्य डेटा होता है । डेटा की गणना करके इसे सूचना के रूप में परिवर्तित किया जाता है । अब यह सूचना यदि अपने स्थान पर बैठे - बैठे एक कमरे से दूसरे कमरे में अथवा किसी अन्य शहर अथवा दूर - दराज किसी अन्य देश में बैठे किसी मित्र अथवा ऑफिस में मैनेजर तक पहुंचानी हो , तब इस सूचना को लक्ष्य तक पहुंचाने के लिए एक सशक्त माध्यम की आवश्यकता होती है । अब यदि सूचना मानवीय ( Manually ) तरीके अर्थात् रजिस्टर में रखी गई है , तो इसे किसी व्यक्ति के द्वारा पहुंचाया जा सकता है , परन्तु यदि ये सूचना कम्प्यूटर मशीन में रखी गई हैं , तो इस सूचना को दो प्रकार से लक्ष्य तक पहुंचाया जा सकता है 

पहला , सूचना को किसी पृथक् करने योग्य सेकेण्डरी मेमोरी ; जैसे — फ्लॉपी डिस्क अथवा सीडी में सुरक्षित करके किसी व्यक्ति के माध्यम से ; तथा दूसरा , यदि लक्ष्य कम्प्यूटर को किसी प्रकार आपस में तार अथवा उपग्रह ( Satellite ) के माध्यम से जोड़कर कम्प्यूटर से कम्प्यूटर तक सीधे - सीधे । सूचना वितरण के लिए सबसे अधिक सुरक्षित विधि कम्प्यूटर मशीन्स को आपस में जोड़ना है । इस प्रकार एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचाने के लिए एक से अधिक कम्प्यूटर्स को जोड़ने पर बनने वाले कम्प्यूटर्स के समूह को कम्प्यूटर नेटवर्क ( Computer Nework ) की संज्ञा दी जाती है । नेटवर्किंग की अवधारणा लम्बे समय से प्रयुक्त होती चली आ रही है । 


नेटवर्क ( Network ) को एक इन्टरकनेक्टेड सिस्टम ( Interconnected System ) कहा जा सकता है , जिसमें उस सिस्टम की सभी इकाइयां ( Units ) एक साथ मिलकर , परन्तु स्वतंत्र रूप से कार्य करती हैं ; उदाहरणस्वरूप , टेलीविजन ब्रॉडकास्टिंग नेटवर्क , सेलुलर फोन नेटवर्क , कोरियर नेटवर्क इत्यादि । जब कम्प्यूटर विशेषज्ञों को यह महसूस हो गया कि कम्प्यूटर में किसी भी प्रकार की सूचना को संग्रहीत एवं व्यवस्थित किया जा सकता है , परन्तु एक कम्प्यूटर से दूसरे कम्प्यूटर तक सूचनाओं का सम्प्रेषण केवल किसी रिमूवेबल माध्यम ( Removable Medium ) ; जैसे — फ्लॉपी डिस्क आदि , द्वारा ही किया जा सकता है । कम्प्यूटर की हार्डडिस्क में संचित सूचनाओं को फ्लॉपी डिस्क पर कॉपी करके किसी अन्य कम्प्यूटर पर इसका प्रयोग किया जा सकता है । सूचनाओं के सम्प्रेषण की यह तकनीक अत्यन्त समय लेने वाली थी , साय यदि किसी कारणवश फ्लॉपी डिस्क को दूसरे कम्प्यूटर ने स्वीकार नहीं किया , तो सूचना आधी - अधूरी रह जाती थी । अब कम्प्यूटर को सीधे कम्प्यूटर द्वारा ही सूचनाएं प्रेषित करने के प्रयास प्रारम्भ हो गए । 

सबसे पहले एक ऐसी प्रणाली का विकास हुआ जिसमें दो कम्प्यूटर्स में अतिरिक्त हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर का प्रयोग करके उन्हें एक केबल द्वारा जोड़कर सीधे ही सूचनाओं का आदान - प्रदान किया जा सकता था । कम्प्यूटर्स के आपस में केबल से जुड़े होने के कारण सूचना को प्रेषित एवं प्राप्त करने का कार्य अपनाकृत शीव्रता से किया जा सकता था । इसके उपरान्त दो से अधिक कम्प्यूटर्स को इस प्रकार केबल्स द्वारा आपस में जोड़ने की विधि हुआ । इसमें कम्प्यूटर , केबल्स के एक जाल में आपस में जुड़े रहते थे और सूचनाओं का आदान - प्रदान अत्यन्त तीव्र गति का विकास स कर सकते थे । कम्प्यूटर्स के इस जाल को कम्प्यूटर नेटवर्क ( Computer Network ) नाम दिया गया । पारिभाषिक शब्दों में कम्प्यूटर नेटवर्क ( Computer Network ) एक ऐसा सिस्टम है , जिसमें अनेक स्वतन्त्र कम्प्यूटर्स ( Independent Computers ) , डेटा और पेरिफेरल्स ( Peripherals ) ; जैसे - हार्डडिस्क्स ( Harddisks ) . प्रिन्टर्स ( Printers ) इत्यादि को शेयर ( Share ) करने के लिए आपस में जुड़े होते हैं 



नेटवर्किंग का महत्व ( Importance of Networking) 


आधुनिक युग को सूचना क्रान्ति का युग कहा जाए जो अतिश्योक्ति नहीं होगी । आज के दैनिक जीवन में हम सभी लिए सूचनाओं का महत्वपूर्ण योगदान है । ये सूचनाएं किसी भी माध्यम से प्राप्त की जा सकती हैं । चूंकि सूचनाओं को सुरक्षित करने के लिए सबसे सशक्त माध्यम कम्प्यूटर माना जाता है , इसलिए सूचना वितरण के लि कम्प्यूटर को ही सबसे सुगम और सस्ता साधन माना जाता है । कम्प्यूटर के माध्यम से महत्वपूर्ण सूचनाओं को पलक झपकते ही हजारों किलोमीटर दूर भेजा जा सकता है । 

यह कर तक एक सपना मात्र था , परन्तु आजकल यह सब - कुछ चुटकियों में सम्भव है । आज सूचनाओं को ही नहीं बल्कि जटिल - से - जटिल ग्राफिक्स को भी मिनटों - सैकण्डों में एक स्थान से दूसरे स्थान पर भेज जा सकता है । नेटवर्किंग के माध्यम से ही आज एक व्यक्ति दूसरे व्यक्ति से रू - ब - रू बात कर सकता है । इतना ही नहीं , दोनों व्यक्ति एक - दूसरे को अपने पास बैठा महसूस कर सकते हैं । वीडियो कान्फ्रेन्सिंग ( Video Conferencing ) एक ऐसा जीता - जागता सच है , जिसके माध्यम से हम घर बैठे दूर - दराज देश के किसी भी व्यक्ति से , जो इस सेवा का उपयोग कर रहा है , रू - ब - रू इस प्रकार सवाल - जवाब कर सकते हैं , जैसे कि आमने - सामने बैठकर बात कर रहे हों । आधुनिक पर्सनल कम्प्यूटर्स ( PCS ) की प्रोसेसिंग क्षमता और सहज उपलब्धता होने के कारण , आप यह प्रश्न पूछ सकते हैं कि आखिर कम्प्यूटर नेटवर्क्स की आवश्यकता क्यों होती है । इसका उत्तर यह है कि नेटवर्क किसी संस्था की कार्यक्षमता को बढ़ाते और लागत को घटाते हैं । 

कम्प्यूटर नेटवर्क्स ( Computer Networks ) इन उद्देश्यों को निम्नलिखित तीन साधनों से प्राप्त करते हैं

 ( 1 ) इन्फॉर्मेशन या डेटा को शेयर ( Share ) करके 

( 2 ) हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर को शेयर ( Share ) करके 

( 3 ) एडमिनिस्ट्रेशन ( Administration ) और सपोर्ट ( Support ) को सेन्ट्रलाइज ( Centralize ) अर्थात् केन्द्रीभूत करके वे कम्प्यूटर जो किसी नेटवर्क से जुड़े होते हैं , उस नेटवर्क में निम्नलिखित को शेयर ( Share ) कर सकते हैं 

( 1 ) हार्डडिस्क्स ( Harddisks ) 

( 2 ) fürze ( Printers ) 

( 3 ) मॉडम्स ( Moderms ) 

( 4 ) फैक्स मशीन्स ( Fax Machines ) 

( 5 ) CD - ROM ड्राइव और रिमूवेबल ड्राइव ( Removable Drive ) ; जैसे — जिप ड्राइव ( Zip drive ) , जैग ड्राइव ( Jag drive ( 6 ) डॉक्यूमेन्ट्स ( Documents ) ; जैसे — इन्वॉयसेज़ ( Invoices ) , स्प्रेडशीट्स ( Spreadsheets ) , मेमो ( Memo ) इत्यादि । 

( 7 ) वर्ड - प्रोसेसिंग सॉफ्टवेयर ( Word - Processing Software ) 

( 8 ) प्रोजेक्ट - ट्रैकिंग सॉफ्टवेयर ( Project - Tracking Software ) 

( 9 ) डेटाबेस मैनेजमेंट सिस्टम सॉफ्टवेयर ( Database Management System Software 

( 10 ) इमेज , ऑडियो और वीडियो फाइलें ( Image , Audio and Video Files ) 


Final  word


दोस्तो मै आशा करता हु की आप लोगो को Concepts of Networking 
तथा नेटवर्किंग का महत्व के बारे  पूरी  जानकारी  मिल गयी है यदि आप
के पास को Question है तो आप comment मे पूछ सकते है